- नगर आयुक्त ने अधिकारियों के साथ शास्त्री पुरम क्षेत्र में जलभराव की स्थिति का लिया जायजा
- नालों पर से अतिक्रमण हटाने और जिम्मेदारों से रिपोर्ट तलब
- नाले में फ्लोटिंग पाये जाने पर जेडएसओ और सीएसएफआई लगाई लताड़
आगरा। शहर में बरसात के दौरान जलभराव की समस्या से निपटने के लिए नगर निगम प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया है। नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य अधिकारियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि शहर के किसी भी नाले की सफाई में लापरवाही पाये जाने या फ्लोटिंग पाये जाने पर संबंधित अधिकारी जिम्मेदार होंगे। शनिवार को नगर आयुक्त ने अधिकारियों के साथ शास्त्रीपुरम क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान नालों में गंदगी, फ्लोटिंग कचरा, अतिक्रमण, क्षतिग्रस्त बाउंड्रीवाल और जल निकासी में बाधा जैसी कई खामियां सामने आने पर नगर आयुक्त ने क्षेत्रीय जेड एस ओ जितेन्द्र कुमार और सीएस एफ आई मनोज पाल की जमकर क्लास लगाई। संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही निर्माण एजेंसियों से रिपोर्ट तलब करने और संबंधित विभागों को पत्र भेजने के आदेश भी दिए।
नगर आयुक्त ने सबसे पहले शास्त्रीपुरम स्थित मुख्य नाले का निरीक्षण किया। यहां नाले में फ्लोटिंग कचरा मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई। क्षेत्रीय अधिकारियों ने बताया कि शास्त्रीपुरम क्षेत्र में नाला आगे जाकर समाप्त हो जाता है, जिसके कारण तेज बारिश और अधिक जलप्रवाह की स्थिति में बीच के हिस्से में पानी ओवरफ्लो होकर आसपास के इलाकों में जलभराव की समस्या पैदा करता है। अधिकारियों ने यह भी बताया कि नाले का निर्माण आगरा विकास प्राधिकरण द्वारा कराया गया था, जिसे अब निकटवर्ती नाले से जोड़ा जाना आवश्यक है। इस पर नगर आयुक्त ने विशेष अभियान चलाकर नाले की तलीझाड़ सफाई तत्काल कराने के निर्देश दिए। साथ ही सहायक नगर आयुक्त को डीपीआरओ को पत्र भेजकर नाले को लिंक कराने की प्रक्रिया शुरू कराने के आदेश दिए।
इसके बाद नगर आयुक्त ने साइट-सी स्थित नाले का निरीक्षण किया। यहां पुल के पास नाले पर अतिक्रमण मिलने के साथ ही हाल ही में बनी पुलिया और बाउंड्रीवाल क्षतिग्रस्त अवस्था में मिली। इस पर उन्होंने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित अधिकारियों से क्षतिग्रस्त निर्माण की विस्तृत रिपोर्ट मांगी। साथ ही पुल के निकट नाले पर किए गए अतिक्रमण को तत्काल हटाने के निर्देश दिए। नगर आयुक्त ने सहायक नगर आयुक्त को यूपीसीडा को पत्र भेजकर नाले के निर्माण एवं आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित कराने के निर्देश भी दिए। निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त साइट-11 भी पहुंचे। यहां अधिकारियों ने बताया कि पुलिया के नीचे जल प्रवाह बाधित होने के कारण बरसात में जलभराव की स्थिति उत्पन्न होती है। इस पर नगर आयुक्त ने तत्काल पुलिया को खुलवाने तथा जल निकासी के लिए पंप लगाने के निर्देश दिए, ताकि बारिश के दौरान क्षेत्र में पानी जमा न हो और लोगों को राहत मिल सके। निरीक्षण के दौरान सहायक नगर आयुक्त अशोक प्रिय गौतम,जेडएसओ वाहन जितेन्द्र कुमार, क्षेत्रीय सी एसएफआई मुनेन्द्र कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। नगर आयुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी कार्य प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं और किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।

यह कहते हैं नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य
"बरसात के दौरान शहर में जलभराव किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। जहां भी नालों में अवरोध, अतिक्रमण या निर्माण संबंधी खामियां मिली हैं, वहां तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। सभी संबंधित अधिकारी समयबद्ध तरीके से कार्य पूर्ण करें, अन्यथा जिम्मेदारी तय कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।"

